मुख्य बातें
- मध्यप्रदेश सरकार ने 21,485 करोड़ रुपये की योजनाओं को मंजूरी दी है।
- स्वास्थ्य सेवाओं पर 17,059 करोड़ रुपये खर्च होंगे, जिसमें मेडिकल कॉलेजों का विकास शामिल है।
- किसानों को गर्मी की मूंग और उड़द की खरीद का आश्वासन दिया गया है।
- बरगी कू्रज हादसे की न्यायिक जांच कराने का निर्णय लिया गया है।
मध्यप्रदेश सरकार ने जनता की सुविधाओं के लिए 21,485 करोड़ रुपये की योजनाओं को मंजूरी दी है, जिसमें स्वास्थ्य सेवाओं के लिए 17,059 करोड़ रुपये का बड़ा हिस्सा शामिल है। यह निर्णय मंगलवार को हुई कैबिनेट बैठक में लिया गया, जिसमें मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव ने विभिन्न विषयों पर मंत्रियों को जानकारी दी। इस योजना का उद्देश्य स्वास्थ्य सेवाओं को बेहतर बनाना और किसानों को राहत प्रदान करना है।
स्वास्थ्य सेवाओं में सुधार
सरकार ने स्वास्थ्य सेवाओं को प्राथमिकता देते हुए 17,059 करोड़ रुपये खर्च करने का निर्णय लिया है। इसमें मेडिकल कॉलेजों के लिए चिकित्सालय योजना को 2026 से 2031 तक जारी रखने का प्रस्ताव है, जिसके लिए 14,363.95 करोड़ रुपये आवंटित किए जाएंगे। यह राशि निशुल्क और गुणवत्ता पूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं प्रदान करने के लिए उपयोग की जाएगी।
किसानों के लिए नई योजनाएं
किसानों को राहत देने के लिए सरकार ने घोषणा की है कि गर्मी की मूंग का 25 प्रतिशत हिस्सा खरीदा जाएगा, जबकि उड़द की एक-एक दाने की खरीद की जाएगी। यह कदम किसानों की आर्थिक स्थिति को मजबूत करने के लिए उठाया गया है।
न्यायिक जांच का निर्णय
कैबिनेट ने बरगी कू्रज हादसे की न्यायिक जांच कराने का भी निर्णय लिया है। यह कदम हादसे के पीड़ितों के प्रति न्याय सुनिश्चित करने के लिए उठाया गया है। इसके अलावा, संघ के 100 वर्ष फिल्म को एसजीएसटी से छूट देने का भी प्रस्ताव रखा गया है।
नए मेडिकल कॉलेजों का विकास
सरकार ने उज्जैन, सिवनी, छतरपुर, दमोह और बुदनी में नए मेडिकल कॉलेजों के निर्माण के लिए 1,200 करोड़ रुपये की स्वीकृति दी है। इसके साथ ही, एमबीबीएस की सीटों में वृद्धि के लिए 838 करोड़ रुपये का आवंटन किया गया है, जिससे छात्रों को बेहतर चिकित्सा शिक्षा मिल सकेगी।












