मुख्य बातें
- भावनगर में तेंदुए के हमले में पांच वर्षीय दिव्या गोहिल की मौत हुई।
- घटना के बाद गांव में शोक और दहशत का माहौल है।
- परिवार और ग्रामीणों ने बच्ची की तलाश में काफी प्रयास किए।
- वन विभाग ने आदमखोर तेंदुए को पकड़ने के लिए विशेष अभियान शुरू किया।
गुजरात के भावनगर जिले के महुवा तालुका के कांतसर गांव में एक दुखद घटना में पांच वर्षीय दिव्या गोहिल की तेंदुए के हमले में मौत हो गई। यह घटना उस समय हुई जब दिव्या अपने पिता ओधाभाई गोहिल के साथ बगीचे में खेल रही थी। अचानक तेंदुआ वहां पहुंचा और बच्ची पर हमला कर उसे उठाकर ले गया।
घटना का विवरण
घटना इतनी तेजी से हुई कि परिवार के लोग कुछ समझ पाते, उससे पहले ही तेंदुआ दिव्या को लेकर भाग गया। जब बच्ची के गायब होने की जानकारी मिली, तो परिजनों और ग्रामीणों ने उसकी तलाश शुरू की। काफी खोजबीन के बाद दिव्या का शव बगीचे के पास ही बरामद हुआ, जिसका शरीर खून से सना था और तेंदुए ने उसकी बांह का मांस भी नोंच लिया था। इस घटना ने परिवार में कोहराम मचा दिया और गांव के लोगों में गहरा दुख और भय व्याप्त हो गया।
स्थानीय लोगों की प्रतिक्रिया
स्थानीय निवासियों का कहना है कि इलाके में पिछले कुछ समय से तेंदुए की गतिविधियां देखी जा रही थीं। इस घटना के बाद ग्रामीणों ने वन विभाग से तत्काल कार्रवाई की मांग की है। उनका कहना है कि इस तरह की घटनाओं को रोकने के लिए ठोस कदम उठाए जाने चाहिए।
वन विभाग की कार्रवाई
घटना की सूचना मिलते ही वन विभाग की टीम मौके पर पहुंची और जांच शुरू कर दी। अधिकारियों ने आदमखोर तेंदुए को पकड़ने के लिए विशेष अभियान चलाने का निर्णय लिया है। कांतसर गांव और आसपास के क्षेत्रों में पिंजरे लगाए गए हैं और वन कर्मी लगातार निगरानी कर रहे हैं। वन विभाग का कहना है कि तेंदुए को जल्द पकड़ने के लिए हर संभव प्रयास किए जा रहे हैं, ताकि क्षेत्र में दोबारा ऐसी कोई घटना न हो और ग्रामीणों में व्याप्त डर को खत्म किया जा सके।












