मुख्य बातें
- दिल्ली के मालवीय नगर में होटल फ्लॉरिस स्टे में आग लगने से 20 लोगों की मौत हुई।
- दमकल विभाग को सुबह 9 बजे आग लगने की सूचना मिली, 10 गाड़ियां मौके पर भेजी गईं।
- बेसमेंट में फंसे तीन लोगों को बचाया गया, आग लगने का कारण अभी तक स्पष्ट नहीं है।
- दिल्ली सरकार के मंत्री ने घटनास्थल पर पहुंचकर राहत कार्यों की जानकारी दी।
राष्ट्रीय राजधानी दिल्ली के मालवीय नगर स्थित होटल फ्लॉरिस स्टे में बुधवार को आग लगने से एक बड़ा हादसा हुआ है, जिसमें लगभग बीस लोगों की जान चली गई। यह घटना सुबह करीब 9 बजे हुई, जब दमकल विभाग को आग लगने की सूचना मिली। आग बुझाने के लिए मौके पर दस दमकल गाड़ियां भेजी गईं।
आग लगने की जानकारी
रिपोर्ट्स के अनुसार, आग लगने के बाद कई लोग बिल्डिंग से कूदकर अपनी जान बचाने की कोशिश कर रहे थे। शुरुआती जानकारी में एएनआई ने बताया था कि इस हादसे में दस लोगों की मौत हुई थी, लेकिन बाद में मृतकों की संख्या बढ़कर बीस हो गई।
दमकल विभाग की कार्रवाई
दिल्ली दमकल सेवा (DFS) के एक अधिकारी ने बताया कि आग पर काबू पाने के लिए दो वॉटर टेंडर, दो वॉटर बाउजर, एक क्विक रिस्पॉन्स गाड़ी और अन्य यूनिट्स भेजी गईं। दमकलकर्मियों ने बेसमेंट में फंसे तीन लोगों को सुरक्षित बाहर निकाला और उन्हें अस्पताल पहुंचाया।
घटनास्थल का दृश्य
हादसे के बाद कई वीडियो सामने आए हैं, जिनमें लोग रेलिंग से कूदते हुए नजर आ रहे हैं। आग इतनी भयानक थी कि दूर से काले धुएं उठते हुए देखे जा सकते थे। रेस्टोरेंट में रुकने की व्यवस्था थी, जिसके कारण कुछ विदेशी भी वहां ठहरे हुए थे।
सरकारी प्रतिक्रिया
दिल्ली सरकार के मंत्री आशीष सूद ने घटनास्थल पर पहुंचने से पहले कहा, “भयंकर धुएं के बीच में दमकल कर्मियों ने काम किया है। मैं रास्ते में हूं और जल्द ही मौके पर पहुंचूंगा।” आग लगने के कारणों की जांच अभी जारी है।











